राजस्थान सरकार ने राज्यवासियों की सुरक्षा के लिए एक महत्वपूर्ण योजना — मुख्यमंत्री आयुष्मान दुर्घटना बीमा योजना 2025 की शुरुआत की है। इस योजना के तहत पात्र परिवारों को दुर्घटना की स्थिति में ₹10 लाख तक का बीमा कवर निःशुल्क उपलब्ध कराया जा रहा है। इस लेख में हम आपको योजना की सम्पूर्ण जानकारी देंगे—पात्रता, लाभ, बीमा राशि, आवेदन प्रक्रिया, और जरूरी दस्तावेज।
मुख्यमंत्री आयुष्मान दुर्घटना बीमा योजना क्या है?
राजस्थान सरकार द्वारा संचालित यह योजना जनआधार कार्ड से जुड़े परिवारों के लिए एक सुरक्षा कवच की तरह कार्य करती है। इसमें दुर्घटना के कारण होने वाली मृत्यु या स्थायी अपंगता की स्थिति में ₹1.5 लाख से ₹10 लाख तक की आर्थिक सहायता सरकार द्वारा सीधे परिवार के मुखिया के बैंक खाते में प्रदान की जाती है।
योजना के तहत देय बीमा राशि
दुर्घटना की स्थिति | देय राशि |
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परिवार के एक सदस्य की मृत्यु | ₹5 लाख |
परिवार के एक से अधिक सदस्यों की मृत्यु | ₹10 लाख |
दोनों हाथ/पैर/आंखें या मिश्रित स्थायी क्षति | ₹3 लाख |
एक हाथ/पैर/आंख की स्थायी क्षति | ₹1.5 लाख |
योजना के पात्र लाभार्थी
मुख्यमंत्री आयुष्मान दुर्घटना बीमा योजना के अंतर्गत निम्नलिखित परिवारों को कवर किया गया है:
1. पंजीकृत बीमित परिवार
वे सभी परिवार जो मुख्यमंत्री आयुष्मान स्वास्थ्य बीमा योजना और RGHS (राजस्थान सरकार स्वास्थ्य योजना) में पंजीकृत हैं।
2. विद्युतकर्मी
राज्य की पाँचों विद्युत कंपनियों के वे कर्मचारी जो उपरोक्त योजनाओं में शामिल नहीं हैं, उनके परिवार भी इस योजना के अंतर्गत कवर होंगे।
3. RGHS पंजीकृत परिवार
राजस्थान सरकार स्वास्थ्य योजना (RGHS) के तहत शामिल परिवार स्वतः इस योजना में पात्र माने जाएंगे।
योजना की प्रमुख विशेषताएं
- इस योजना का संचालन राज्य बीमा एवं प्रावधायी निधि विभाग द्वारा किया जा रहा है।
- जनआधार कार्ड में दर्ज मुखिया के बैंक खाते में ही बीमा राशि भेजी जाएगी।
- किसी भी पंजीकृत बीमित सदस्य की दुर्घटना में मृत्यु या अपंगता की स्थिति में सहायता दी जाएगी।
- योजना का लाभ बिना किसी प्रीमियम भुगतान के उपलब्ध है।
जरूरी दस्तावेज
यदि परिवार के किसी सदस्य की दुर्घटना में मृत्यु या पूर्ण अपंगता होती है, तो क्लेम के लिए निम्न दस्तावेज़ जरूरी होंगे:
- जनआधार कार्ड (परिवार के मुखिया का)
- मृत्यु प्रमाण पत्र (मृत्यु की स्थिति में)
- अपंगता प्रमाण पत्र (अगर अपंगता हुई हो)
- FIR या पुलिस रिपोर्ट (दुर्घटना का प्रमाण)
- बैंक पासबुक (मुखिया का)
- दावा फॉर्म (बीमा विभाग द्वारा उपलब्ध कराया जाएगा)
क्लेम की प्रक्रिया
- दुर्घटना की सूचना संबंधित बीमा कार्यालय को दें।
- सभी जरूरी दस्तावेज़ जमा करें।
- दस्तावेज़ सत्यापन के बाद राज्य बीमा एवं प्रावधायी निधि विभाग द्वारा बीमा राशि का भुगतान जनआधार से जुड़े बैंक खाते में किया जाएगा।
निष्कर्ष
मुख्यमंत्री आयुष्मान दुर्घटना बीमा योजना 2025 राजस्थान के लाखों परिवारों के लिए एक सुरक्षा कवच है। यह योजना यह सुनिश्चित करती है कि दुर्घटना जैसी दुखद घटनाओं के समय सरकार पीड़ित परिवार के साथ आर्थिक रूप से खड़ी रहे। यदि आप भी योजना के अंतर्गत पंजीकृत हैं, तो सुनिश्चित करें कि आपका जनआधार अपडेट है और बैंक खाता उससे लिंक है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
Q1. इस योजना में कितनी बीमा राशि मिलती है?
अधिकतम ₹10 लाख तक का लाभ मिलता है।
Q2. योजना का लाभ किन्हें मिलेगा?
मुख्यमंत्री आयुष्मान योजना, RGHS योजना, और विद्युतकर्मियों के पात्र परिवारों को।
Q3. क्लेम की राशि किसे मिलेगी?
जनआधार कार्ड में दर्ज परिवार के मुखिया के बैंक खाते में।
Q4. क्या इसके लिए अलग से आवेदन करना होता है?
नहीं, योजना स्वतः लागू होती है यदि आप पात्र योजनाओं में पहले से पंजीकृत हैं।